बाईबल कहती हैं:- पृथ्वी यहोवा की महिमा के ज्ञान से ऐसी भर जाएगी, जैसे समुद्र जल से भर जाता है ।कितनी गहरी बात हमको प्रभु का यह वचन समझाता है आज से ज्यादा नहीं सिर्फ 50 साल पहले का जीवन तथा आज के जीवन की तुलना की जाए तो एक सपना सा लगता है आज जिन वस्तुओं का हम इस्तेमाल कर रहे हैं वो वस्तु आज से पहले के लोगों के द्बारा सोचना भी एक मजाक की बात थी, पर आज परमेश्वर के अथाह ज्ञान के द्बारा यह सम्भव हो गया । फोन, मोबाइल, टीवी, नैट, यूट्यूब, वाट्स ऐप, आदिआज…
Author: Rajesh Ranjan Nirala
खुदा के बिना आप का कुछ वजूद नही है ।यहोवा के विरूद्ध न तो कुछ बुद्धि, और न कुछ समझ, न कोई युक्ति चलती है।युद्ध के दिन के लिये घोड़ा तैयार तो होता है, परन्तु जय यहोवा ही से मिलती है ।कल क्या होगा यह तो खुदा के सिवा और कोई नहीं जानता। परन्तु फिर भी बड़ी आशा के साथ हम अपनी योजनाओं को बनाते व उन्हें पूरा भी करते हैं। और संभव है अपनी उपलब्धियों व अपनी समझदारी पर घमंड भी करते हों। परन्तु परमेश्वर का वचन ऐसा कहता है — यदि प्रभु ने आज्ञा न दी हो, तो…
परमेश्वर की भलाई को समझ पाना , और उसका बखान लगभग ना मुमकिन है| वो कितना अच्छा है , ये तो फ़रिश्ते भी नहीं समझ पाए|* | यीशु ने इस्रायलियों से कहा था –यदि तुम अब्राहम की संतान होते , तो अब्राहम के जैसे काम करते| यीशु के इस कथन में सारे रहस्य छुपे हैं| *यदि हम परमेश्वर की संतान हैं , तो हमारे काम भी , परमेश्वर के जैसे होना चाहिए| यदि परमेश्वर भला है , तो हम बुरे कैसे हो सकते हैं? यदि वो रहम दिल है , तो हम पत्थर दिल कैसे हो सकते हैं?* नीतिवचन 3:27…
PRAISE THE LORD🙏Good Morning 🙏👉विषय:- परमेश्वर जैसा प्रेम रखना।💐1 यूहन्ना 4:10-11प्रेम इस में नहीं कि हम ने परमेश्वर से प्रेम किया; पर इस में है, कि उस ने हम से प्रेम किया; और हमारे पापों के प्रायश्चित्त के लिये अपने पुत्र को भेजा। हे प्रियो, जब परमेश्वर ने हम से ऐसा प्रेम किया, तो हम को भी आपस में प्रेम रखना चाहिए। परमेश्वर का वचन हमे आपस मे मेलमिलाप रखने के विषय मे सिखाता है और बताता है कि हमे कैसा व्यवहार करना है।यहाँ पर परमेश्वर का वचन बताता है कि प्रेम वह नही जो हम ने परमेश्वर से प्रेम किया। बल्कि…
श्रापो को तोड़ने और पीढ़ियों के श्रापो से छुटकारे की प्रार्थना और घोषणामैंने व्यवस्था के श्रापो से आजादी पाई है (गलातियो ३:१३)मै पीढ़ियों से आये हुए धमंड, लालसा, दोष, बंडखोरी, जादूटोना, मूर्तियों की पूजा, गरीबी, अस्वीकार, डर, उलझन, लत, मृत्यु और नाश को तोड़ता हु प्रभु येशु मसीह के नाम से मेरे जीवन में पीढ़ियों से आई हुई असुद्ध आत्माए गर्भ धारण के समय, गर्भ के दौरान, जन्म के दौरान, नाभि द्वारा, मेरे जीवन से चली जाये येशु मसीह के नाम सेमैंने अपने जीवन में बोले गए हर एक नकारात्मत बातो और श्रापो को इसी वक़्त तोड़ता हु येशु मसीह के…
जो परमप्रधान के छाए हुए स्थान में बैठा रहे वह सर्वशक्तिमान की छाया में ठिकाना पाएगा ।इस वचन के द्वारा जब प्रभु ने बाइबिल मे हमसे यह वादा किया तब वो जानता था कि मनुष्य तो मिट्टी ही है वह अपने किए हुए कामों के द्बारा कभी भी उद्भार नही पा सकता; अपने कर्मों के द्बारा कभी भी परमेश्वर के नजदीक नहीं जा सकता इसीलिये उसने अपने एकलौते पुत्र को हमारे लिये पृथ्वी पर भेजा ताकि हम यीशु मसीह पर विश्वास करें तथा उस पर पूरा भरोसा रखकर अपने जीवन को चलाएँ।जब हम प्रभु पर पूरी तरह भरोसा रखकर उसकी…
आज प्रभु हर एक से कहता है :- चौकस रहो, और हर प्रकार के लोभ से अपने आप को बचाए रखो ; क्योंकि किसी का जीवन उसकी सम्पत्ति की बहुतायत से नहीं होता ।प्रभु की यह बात हर उस व्यक्ति के ऊपर लागू होती है जो हर समय पैसा के पीछे भागते रहते हैं तथा यह सोचते रहते हैं, कि ज्यादा पैसा होगा मकान, जायदाद होगी तो हमारी शान-ओ-शौकत बढ जाएगी और जीवन लम्बे समय तक आराम से कटेगा ; यही सोच साथ मे लिए लोग दिन रात भागा दौडी कर के यह सब जमा करते हुए एक ऐसे मोड…
मेरा जुआ अपने ऊपर उठा लो, और मुझ से सीखो ; क्योंकि मैं नम्र और मन मे दीन हूँ और तुम अपने मन मे विश्वास पाओगे ।जब हम यीशु का जुआ अपने ऊपर लेते हैं तब हम पूरी रीति से यीशु मसीह के पीछे चलने वाले बन जाते हैं।जुआ वो होता है जो खेतों मे बेलों को आपस में जोडने के लिए इस्तेमाल किया जाता है।अगर दो बैलों को हम अलग अलग चलाते हैं तो वह चलेंगे नही इधर उधर हो जाएंगे जुताई मे काम नहीं आ पाएंगे इसीलिये उन को साथ रखने के लिए जुए का उपयोग किया जाता…
परमेश्वर हमेशा धर्मी को बचाता है और उसकी एक एक वस्तु की भी रक्षा करता है मगर इसके लिये व्यक्ति को परमेश्वर के बताए हुए रास्ते पर चलना पडता है परमेश्वर व्यक्ति के जीवन में आशीष और शाप दोनों देता है यह व्यक्ति के ऊपर निर्भर करता है वो किस को चुनता है।अगर परमेश्वर की आज्ञाओं को हम नहीं मानते तब व्यक्ति के जीवन में शाप काम करने लगता है।जब व्यक्ति परमेश्वर की आज्ञाओं को मानता है तब उसके जीवन में आशीष काम करने लगती है , व्यवस्था 11 ; 26 कहता है सुनों मैं आज के दिन तुम्हारे आगे…
PRAISE THE LORD🙏Good Morning 🙏 👉 *परीक्षाओं से सीख* 💐 *👉“धन्य है वह मनुष्य, जो परीक्षा में स्थिर रहता है”* (याकू 1:12)परीक्षा में पड़ना पाप नहीं है परन्तु परीक्षा में अपने को सौंप देना पाप है. साधारण तौर पर हम अपनी असफलता के लिए किसी दूसरे व्यक्ति या किसी वस्तु को दोष देते हैं. आदम और मसीह ने परीक्षा में जो व्यवहार किया, वह हमें व्यावहारिक शिक्षा देता है. ❇️ कितनी परीक्षाएंयीशु एक के बाद एक आने वाली परीक्षाओं पर जयवन्त हुआ यद्यपि मत्ती के सुसमाचार अध्याय 4 में केवल तीन परीक्षाओं का वर्णन किया है, लेकिन हमें निश्चय है कि शैतान कुछ…