इंसान गुनाहगार है ; फिर भी ख़ुदा उससे मुहब्बत करता है , उसकी फ़िक्र करता है| इंसान के माथे पर गुनाह का कलंक लगा है| मगर यीशु गुनाहगारों से भी मुहब्बत करता है|ऐसा ईश्वर और कहाँ पाओगे , जो पापियों को ढूंढने और बचाने आया|एक ऐसा ईश्वर , जिसकी शैतान से जंग है , मगर उसके हांथ में कोई हथियार नहीं है| नफ़रत के लिए जिसके दिल में कोई जगह नहीं है| एक ऐसा राजा , जो अपने सैनिकों के लिए युद्ध करता है| एक ऐसा ईश्वर , जो पापियों के लिए जन्मा , और पापियों के लिए क्रूस पर बलिदान हो गया| अय्यूब 7:17 में लिखा है—इंसान क्या है? कि तू उसे महत्त्व दे , और उसपर अपना मन लगाये| आप जो भी हैं , जहाँ भी हैं , जैसे भी हैं ; उसकी नज़र में हैं| वह अपनी आँखों की पुतली की तरह , आपकी सुरक्षा करता है|
आमीन
प्रभु स्वयम ही हमारे युध्द को लडने वाला है
रैव्ह. राजेश गिरधर

